पोटेंसी सिलेक्शन

मापदंड High potency(1M, 10M, CM, etc.) Medium potency(30C – 200C) Lower Potency(30X, 12X, 6X, 3X) रोग की प्रकृति तीव्र मामले उप तीव्र मामला पुराना मामला रोग की गति तेज मध्यम धीमा संवेदनशीलता उच्च संवेदनशीलता मध्यम संवेदनशीलता कम संवेदनशीलता रोग की शुरुआत बीमारी की अचानक शुरुआत मध्यम से धीमा क्रमिक शुरुआत विशेष लक्षण लक्षणों की प्रधानताContinue reading “पोटेंसी सिलेक्शन”

मानसिक रोग Mental Diseases

मानसिक रोग (Mental Diseases) आधुनिक युग में मानसिक रोगों में बड़ी ही तेजी से हो रही है। यह पुरुषों तथा स्त्रियों में तेजी से बढ़ रहा है। इसकी तेजी की दशा का कारण प्रमुख रूप से हमारी गलत जीवनशैली तथा गलत खान-पान है। हमारा सामाजिक ढाँचा काफी हद तक सीमित और संकुचित हो गया हैContinue reading “मानसिक रोग Mental Diseases”

बच्चों के रोग Diseases of Children

बच्चों के रोग (Diseases of Children) 1. कीड़े (Worms) (a) सिना 3x, 30- नींद में दाँत पीसना, मीठी चीजें खाने की इच्छा, चेहरा पीला, नाभि के पास ऐंठन, मलद्वार में खुजली। (b) कैलकेरिया कार्ब 6, 30- मलद्वारा में खुजली नाभि की ओर दर्द, चेहरा पीला। (c) चेनोपोडियम 3X, 30- चिपटे तथा गोल दोनों तरह केContinue reading “बच्चों के रोग Diseases of Children”

मधुमेह Diabetes

मधुमेह (Diabetes) मधुमेह दो शब्दों की सन्धि से बना है जिसका अर्थ है मधु (शहद) अथवा शक्कर के समान मूत्र का विसर्जित होना। मधुमेह को डायबिटीज कहते हैं। प्रत्येक मनुष्य के रक्त में 100 घन सेन्टीमीटर में 80-120 मि. ग्राम तक शक्कर रहती है। शरीर में शक्कर को ग्रहण करने की लिए इन्सुलिन की जरूरतContinue reading “मधुमेह Diabetes”

हृदय रोग Heart Diseases

हृदय रोग (Heart Diseases) 1. उच्च रक्तचाप (High Blood Pressure) हमारे शरीर में धमनी या शिरा द्वारा रक्त पूरे शरीर में संचालित होता रहता है। किन्हीं कारणों से धमनियों के मोटे हो जाने पर रक्त संचालन में बाधा उत्पन्न होने लगती है। तब हृदय को अधिक दबाव देकर रक्त को सारे शरीर में पहुँचाना पड़ताContinue reading “हृदय रोग Heart Diseases”

हड्डियों के रोग और जोड़ों के दर्द

(Bones, Jonts and Muscular Pains) 1. सन्धि शोथ (Arthritis) इसे बीमारी में सन्धियों का शोथ एवं अँगुलियों, कलाई, घुटने, कंधे में सूजन आ जाती है। यह रोग बहुत ही पीड़ाजनक होता है। इस रोग के लिए निम्न दवायें हितकारी मानी गयी हैं- (a) गुलथेरिया क्यू- इसकी मालिश करने से जोड़ों में आराम मिलता है। (b)Continue reading “हड्डियों के रोग और जोड़ों के दर्द”

स्त्री रोग Female Diseases

स्त्री रोग (Female Diseases) अधिकतर महिलाओं की समस्यायें मासिक स्राव से सम्बन्धित होती है, उन्हें मासिक स्राव की अनियमितताओं के कारण अनेक कष्ट भोगने पड़ते हैं। इसके पहले कि उनका इलाज आरम्भ किया जाये उनकी बीमारी के लक्षणों का बारीकी से अध्ययन करना चाहिए, इसमें विवरण, लक्षण, देखना, सुनना, प्रश्न करना सभी शामिल होना चाहिए।Continue reading “स्त्री रोग Female Diseases”

मोटापा Obesity

मोटापा (Obesity) मोटापा आज की आधुनिक जीवनशैली की देन है। आज के अधिकतर बच्चे, स्त्रियों, पुरुष सभी इस समस्या से ग्रस्त नजर आते हैं। इसके कारण मनुष्य अन्य बीमारियों से ग्रस्त हो रहा है। जैसे उच्च रक्तचाप, मधुमेह, हृदय रोग आदि, मोटापा के कारणों में खान-पान एवं गलत जीवनशैली, श्रम का अभाव, हारमोन्स का असन्तुलनContinue reading “मोटापा Obesity”

त्वचा के रोग

त्वचा के रोग 1. फोड़े-फुन्सियाँ (Boils) (a) आर्निका माण्टेना 200- यह फुन्सियों के रोकने में बहुत सहायक है। (b) इग्नेशिया- लगातार फुन्सियाँ निकलने को रोकने में सहायक होता है। (c) काली कार्ब 30- मलद्वार के चारों ओर खुजलाहट एवं फुन्सियाँ। (d) टेरण्टुला क्यूबेन्सिस 30- फुन्सियों के उपचार हेतु प्रभावी दवा। 2. दाद (Eczema) यह एकContinue reading “त्वचा के रोग”

मूत्र रोग Urinary Diseases

मूत्र रोग स्त्री तथा पुरुष दोनों इस रोग से ग्रसित होते हैं, इसके प्रमुख लक्षण है- अत्यन्त कठिनाई एवं दर्द के साथ पेशाब का होना तथा बार-बार मूत्र की इच्छा, पेशाब में जलन का होना भी इसका सामान्य लक्षण होता है। मूत्राशय शोथ का होन भी इसका लक्षण माना गया है। इन लक्षणों में कैथारिसContinue reading “मूत्र रोग Urinary Diseases”

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